मदरहुड विश्वविद्यालय रुड़की में “तनाव प्रबंधन” पर विशेष सेमिनार..
छात्रों को तनाव से निपटने के व्यावहारिक गुर सिखाए गए..
“तनाव कमजोरी नहीं, ताकत बन सकता है” – कुलपति..

रुड़की: मदरहुड विश्वविद्यालय में “तनाव प्रबंधन” पर एक दिवसीय सेमिनार आयोजित।
रुड़की स्थित मदरहुड विश्वविद्यालय के वाणिज्य एवं व्यवसाय अध्ययन संकाय द्वारा “तनाव प्रबंधन” विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार का उद्देश्य विद्यार्थियों और शिक्षकों को दैनिक जीवन व कार्यस्थल पर बढ़ते तनाव से निपटने के व्यावहारिक तरीकों से अवगत कराना रहा।

कार्यक्रम में कुलपति ने विद्यार्थियों को ऐसे ज्ञानवर्धक सेमिनारों में बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि तनाव को कमजोरी नहीं बल्कि अपनी शक्ति में बदला जा सकता है। उन्होंने कहा कि सही सोच और प्रबंधन के जरिए तनाव को सकारात्मक ऊर्जा में परिवर्तित किया जा सकता है।

मुख्य वक्ता के रूप में वाणिज्य एवं व्यवसाय अध्ययन संकाय के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. ब्रिज किशोर भारती ने दैनिक कार्य प्रबंधन, समय प्रबंधन और तनाव कम करने की व्यावहारिक तकनीकों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से प्रतिभागियों को अपना तनाव स्तर पहचानने और उसे नियंत्रित करने के प्रभावी उपाय भी बताए।

सेमिनार में डीन डॉ. पी.के. अग्रवाल ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में भविष्य को लेकर स्पष्ट और केंद्रित सोच विकसित करते हैं। उन्होंने जानकारी दी कि इस सेमेस्टर में आगे भी इसी प्रकार के उपयोगी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कुलपति ने आयोजन समिति के प्रयासों की सराहना की।

इस अवसर पर संकाय के कई सदस्य उपस्थित रहे, जिनमें डॉ. नीता महेश्वरी, डॉ. श्रीश श्रीवास्तव, डॉ. स्नेहाशीष भारद्वाज, सुश्री मधु रानी, श्री सचिन कुमार, सुश्री साक्षी कर्ण, श्रीमती वर्णिका, सुश्री कोमल शर्मा, सुश्री वंशिका, श्री सुभाष एवं श्रीमती साक्षी शर्मा प्रमुख रूप से शामिल रहे।

सेमिनार के जरिए विद्यार्थियों को तनाव को समझने, स्वीकार करने और उसे सकारात्मक दिशा देने का संदेश दिया गया, जिससे वे अपने शैक्षणिक और व्यक्तिगत जीवन में बेहतर प्रदर्शन कर सकें।
© Shri Sangam Uttrakhand. All Rights Reserved. Design by Xcoders Technologies